Headlines

भारत में मनी दिवाली तो जल उठा पाकिस्तान, रामलला की प्राण प्रतिष्ठा से इन्हें भी लगी मिर्ची

अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा के साथ 500 साल का इंतजार खत्म हो गया. उमंग और उल्लास में डूबे भारतवासियों ने जश्न मनाया और शाम को दिवाली मनाई गई. जय श्रीराम की गूंज से आसमान गुंजायमान हो गया तो पटाखों के शोर ने इस खुशी को चौगुना कर दिया. भारत में घर-घर दीप जले तो पाकिस्तान हिंदुस्तानियों की खुशी से जल उठा. भारत को लेकर अनाप-शनाप बयानबाजी करने वाले पाकिस्तान ने हिंदुत्व को बड़ा खतरा बता दिया.

अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा के बाद पाकिस्तान ने बयान जारी कर कहा कि प्राणप्रतिष्ठा समारोह भारत में बढ़ते बहुसंख्यवाद का संकेत है. पाकिस्तान के विदेश कार्यालय (एफओ) की इस टिप्पणी में कहा गया कि पिछले 31 साल में भारत में जो घटनाक्रम घटे उसके बाद आज हुआ प्राण प्रतिष्ठा समारोह बढ़ते बहुसंख्यवाद का संकेत है. यह भारतीय मुसलमानों को सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक तौर पर हाशिए पर धकेलने के लिए किए जा रहे प्रयास तहत उठाया जा रहा कदम है.

क्षेत्रीय शांति के लिए गंभीर खतरा
पाकिस्तान के विदेश कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि भारत में हिंदुत्व की बढ़ती विचारधारा धार्मिक सद्भाव और क्षेत्रीय शांति के लिए गंभीर खतरा है.” पाकिस्तान ने भारत सरकार से मुसलमानों सहित धार्मिक आधार पर अल्पसंख्यक समुदायों और उनके धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को भी कहा है.

पाकिस्तानी अखबार डॉन ने उगला जहर
पाकिस्तान के अखबार डॉन ने लिखा है भारत में सांप्रदायिकता से अब नफरत नहीं की जाती. बाबरी के वजूद को प्रमुखता से प्रकाशित करते हुए डॉन ने मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा से नेताओं और संतों ने अलग रखने को लेकर भारत की एकजुटता पर निशाना साधा है. पाकिस्तान टुडे ने अयोध्या को एक राजनीतिक मुद्दा बताया है, इसमें लिखा है कि पीएम ने आम चुनावों के लिए यह एक चुनावी आभासी शुरुआत की है.

वॉलस्ट्रीट ने अलग ही राग अलापा
अमेरिकी अखबार वॉल स्ट्रीट ने मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा को धर्मनिरपेक्ष नीति को चुनाव से जोड़ा है. इसमें विवादित भूमि पर हिंदू पूजा स्थल के उदय को बहुलवाद बताया गया है. वॉल स्ट्रीट ने भी इसे चुनाव प्रचार के तौर पर बताया है. इसमें ये भी कहा गया है कि यह घटना भारत के हिंदुओं को प्रभावित करेगी और भाजपा एक बार फिर कार्यकाल में वापसी करेगी. इसमें नेहरू की धर्मनिरपेक्ष नीति का भी जिक्र किया गया है. आखिर में सवाल उठाया गया है कि क्या मंदिर हिंदुओं को एकजुट करेगा या भारत को विभाजित. अमेरिका के न्यूज चैनल एनबीसी न्यूज ने लिखा की पीएम मोदी ने सोमवार को हिंदू मंदिर का उद्घाटन किया जो धार्मिक तनाव का प्रतीक था. खबर में ये भी लिखा की ये मंदिर अयोध्या की कायापलट कर उसे पर्यटक स्थल बनाने में अहम भूमिका बनाएगा.

ब्रिटेन मीडिया ने कही ये बात
ब्रिटेन की रॉयटर्स में राजनीतिक विशेषज्ञ पृथ्वी दत्ता चंद्रा शोभी के हवाले से लिखा गया कि मंदिर आम चुनावों के प्रचार की शुरुआत लग रही है, इसमें ये भी लिखा था कि ऐसा लग रहा है कि पीएम एक राजा हैं और धार्मिक अनुष्ठान कर रहे हैं. इसमें विपक्षी नेताओं में शामिल न होने पर भी सवाल उठाया गया था. ब्रिटेन की ही बीबीसी वर्ल्ड ने तो यहां तक लिखा की मंदिर 16 वीं शताब्दी में बनी मस्जिद की जगह लेगा. इसमें ढांचा विध्वंस के बाद दंगे भड़कने और कई लोगों के मारे जाने का भी जिक्र किया गया है.

0Shares
hacklink satın al grandpashabet grandpashabet giriş grandpashabet güncel giriş grandpashabet grandpashabet giriş grandpashabet giriş güncel deneme bonusu deneme bonusu veren siteler Limanbet Limanbet Giriş Limanbet Limanbet Güncel Giriş Coinbar Coinbar Giriş Coinbar Coinbar Güncel Ngsbahis Ngsbahis Giriş Ngsbahis Ngsbahis Güncel Giriş Klasbahis Klasbahis Giriş Klasbahis Klasbahis Giriş Jasminbet Jasminbet Giriş Jasminbet Jasminbet Giriş Deneme bonusu deneme bonusu veren siteler meritking meritking giriş meritking güncel giriş meritking meritking giriş meritking güncel giriş meritking meritking giriş meritking güncel giriş jojobet jojobet giriş jojobet güncel giriş holiganbet holiganbet giriş holiganbet güncel giriş betpas betpas giriş betpas güncel giriş casibom bahsegel bahsegel bahsegel alobet alobet giriş nakitbahis Kralbet Betpark perabet perabet giriş perabet perabet giriş holiganbet holiganbet giriş holiganbet holiganbet giriş padişahbet padişahbet giriş padişahbet padişahbet giriş milanbahis süperbetin superbetin süperbetin giriş marsbahis marsbahis giriş süperbetin superbetin süperbetin giriş matbet matbet giriş pusulabet vaycasino